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तेनालीराम : अद्भुत बुद्धि और विनोद का प्रतीक – 1 से 5

 तेनाली रामन का असाधारण जीवन और राजदरबार में प्रवेश – 1 तेनालीराम की कथा दक्षिण भारत के प्रख्यात विजयनगर साम्राज्य के उस स्वर्णकाल से जुड़ी है, जब यह राज्य अपनी समृद्धि, शक्ति, वैभव और सांस्कृतिक उन्नति के लिए दूर-दूर तक प्रसिद्ध था। उस युग में राजा कृष्णदेवराय न केवल वीर और दूरदर्शी शासक थे, बल्कि […]

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The Softly Speaking Waves of the River

नदी की धीमी बोलती लहरें – The Softly Speaking Waves of the River

नदी की धीमी बोलती लहरें शांतपुर नाम के छोटे, सुंदर और हरे-भरे कस्बे में एक दस साल का लड़का रहता था, जिसका नाम था पार्थ। पार्थ को हमेशा से प्रकृति के करीब रहना अच्छा लगता था। दूसरे बच्चे मोबाइल में गेम खेलते या टीवी देखते रहते, लेकिन पार्थ का मन नदी, पेड़, मिट्टी और हवा […]

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सोने-वाली-घंटी-का-रहस्य-—-The-Secret-of-the-Sleep-Bell

सोने वाली घंटी का रहस्य — The Secret of the Sleep Bell

सोने वाली घंटी का रहस्य  धानपुर गाँव में शाम का समय था। सूरज ढलने को था और हवा में मिट्टी की महक तैर रही थी। चरवाहा श्याम अपने झुंड को लेकर खेतों से लौट रहा था। उसके साथ थी उसकी प्यारी गाय धानी, जिसकी गर्दन में बंधी छोटी सी सोने वाली घंटी पूरे गाँव की […]

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सिंहासन बत्तीसी कथा 19 – रूपरेखा की कथा

सिंहासन बत्तीसी कथा 19 उन्नीसवें दिन राजा भोज जब सिंहासन पर बैठने जा रहे थे, तभी उन्नीसवीं गुड़िया रूपरेखा ने उन्हें रोक दिया। उसने कहा कि वह एक कहानी सुनाएगी, जो यह बताएगी कि न्याय करने में मन और ज्ञान दोनों का संतुलन कितना महत्वपूर्ण होता है। उसने राजा से कहा कि पहले पूरी कहानी […]

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धीमी-कछुआ-और-घमंडी-खरगोश---The-Slow-Turtle-and-the-Proud-Hare

धीमा कछुआ और घमंडी खरगोश – The Slow Turtle and the Proud Hare

धीमा कछुआ और घमंडी खरगोश घने पेड़ों से ढकी एक सुंदर सी घाटी थी, जहाँ कई तरह के जानवर रहते थे. वहाँ पास ही एक हरा-भरा मैदान था, जहाँ हर सुबह सूरज की किरणें हल्की गर्मी के साथ उतरती थीं और ठंडी हवा पूरे माहौल को सुखद बना देती थी. इसी मैदान में एक धीमा […]

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दो-बिल्लियाँ-और-चालाक-बंदर

दो बिल्लियाँ और चालाक बंदर

  एक समय की बात है, दो बिल्लियाँ गहरी मित्र थीं। एक दिन संयोग से उन्हें रास्ते में एक रोटी का टुकड़ा मिल गया। दोनों में उसे बाँटने की बात हुई। परंतु जब उन्होंने रोटी के दो टुकड़े किए, तो एक टुकड़ा दूसरे से बड़ा निकला। दोनों अपने-अपने हिस्से के लिए बड़ा टुकड़ा चाहती थीं। […]

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सुनहरी-हवा-का-रहस्य---The-Secret-of-the-Golden-Breeze

सुनहरी हवा का रहस्य – The Secret of the Golden Breeze

सुनहरी हवा का रहस्य रात का समय था, गाँव की गलियों में हल्की ठंडक थी और पेड़ों के बीच से गुजरती सुनहरी हवा चमकती लकीरों की तरह आसमान में फैल रही थी। गाँव की बच्ची ध्वनि अक्सर इस हवा को महसूस करती थी। जब बाकी सब बच्चे सो जाते, तब वह अपनी खिड़की पर बैठकर […]

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भेड़िया-और-सच्चा-कुत्ता-–-The-Wolf-and-the-Loyal-Dog

भेड़िया और वफादार कुत्ता – The Wolf and the Loyal Dog

भेड़िया और वफादार कुत्ता एक बड़ा सा गाँव था, जहाँ चारों तरफ हरियाली फैलती थी और दूर तक गेहूँ के खेत चमकते थे। गाँव के लोग मेहनती थे और रात को खेतों की रखवाली करना सबसे कठिन कामों में गिना जाता था। कई बार जंगली जानवर खेत में घुसने की कोशिश करते, इसलिए गाँव वाले […]

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जादुई-टेबल-गधा-और-लाठी-–-The-Magical-Table-Donkey-and-Stick (1)

जादुई टेबल, गधा और लाठी – The Magical Table, Donkey and Stick

जादुई टेबल, गधा और लाठी यह कहानी तीन भाइयों की है। बहुत समय पहले उत्तर भारत के एक छोटे से गाँव सनपुरा में तीन भाई रहते थे—हरिदास, मोहनदास और सबसे छोटा गोपीनाथ। तीनों स्वभाव से भले, मेहनती और एक-दूसरे से गहरा प्रेम करने वाले थे। बचपन से ही उनका परिवार आर्थिक तंगी से जूझता रहा […]

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उत्तरकाण्ड की पावन कथा – 9

उत्तरकाण्ड की पावन कथा और सीतात्याग, लवणवध व श्रीराम की अंतर्धान लीला एक दिन जब श्रीराम अपने राज्य का शासन कर रहे थे, तब अनेक महान ऋषियों का एक दल महर्षि अगस्त्य के नेतृत्व में उनसे मिलने के लिए उपस्थित हुआ। अगस्त्य ने प्रासाद के रक्षकों से कहा, “कृपया राम को सूचित करें कि हम ऋषि […]

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