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सोने-वाली-घंटी-का-रहस्य-—-The-Secret-of-the-Sleep-Bell

सोने वाली घंटी का रहस्य — The Secret of the Sleep Bell

सोने वाली घंटी का रहस्य  धानपुर गाँव में शाम का समय था। सूरज ढलने को था और हवा में मिट्टी की महक तैर रही थी। चरवाहा श्याम अपने झुंड को लेकर खेतों से लौट रहा था। उसके साथ थी उसकी प्यारी गाय धानी, जिसकी गर्दन में बंधी छोटी सी सोने वाली घंटी पूरे गाँव की […]

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नींद की चाँदनी और आरव का जादुई सफर – The Moonlight of Sleep and Aarav’s Magical Journey

नींद की चाँदनी और आरव का जादुई सफर – The Moonlight of Sleep and Aarav’s Magical Journey

नींद की चाँदनी और आरव का जादुई सफर रात के करीब साढ़े नौ बज रहे थे और पूरे शहर में धीरे-धीरे सन्नाटा उतर रहा था। आकाश में चाँद पूरी चमक के साथ टंगा था, जैसे किसी ने उसे अभी–अभी साफ़ करके रखा हो। आठ साल का आरव अपने कमरे की खिड़की से चाँद को देख […]

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अहंकारी-पंडितों-की-शिक्षा---Humbling-Vedic-Pandits

अहंकारी पंडितों की शिक्षा – Humbling Vedic Pandits

अहंकारी पंडितों की शिक्षा एक समय की बात है, दो अहंकारी ब्राह्मण थे। वे स्वयं को वेदों का सर्वश्रेष्ठ ज्ञाता मानते थे और लोगों को शास्त्रार्थ के लिए ललकारा करते थे। उनकी एक विचित्र शर्त थी: जो भी हारे, उसे यह लिखित रूप में प्रमाणपत्र देना होगा कि वह वेदों के ज्ञान में इन दोनों […]

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Saint-Tyagaraja---संत-त्यागराज

संत त्यागराज – Saint Tyagaraja

संत त्यागराज की कथा संत त्यागराज का जन्म 4 मई 1767 को तमिलनाडु के तंजावुर के समीप तिरुवैय्यारु में एक सरल और धर्मनिष्ठ तेलुगु स्मार्त ब्राह्मण परिवार में हुआ। उनका कुल प्राचीन समय में आंध्र प्रदेश से तमिलनाडु आकर बस गया था। उनके पिता राम ब्रह्मम और माता सीतम्मा अत्यन्त श्रद्धालु थे, और घर में […]

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गुरुभक्त एकलव्य का त्याग - Ekalavya's Sacrifice

गुरुभक्त एकलव्य का त्याग – Ekalavya’s Sacrifice

गुरुभक्त एकलव्य का त्याग महाभारत के समय जब पांडव और कौरव द्रोणाचार्य से विद्या प्राप्त कर रहे थे, तब एक विलक्षण छात्र एकलव्य नामक निषाद कुमार भी धनुर्विद्या सीखने की अभिलाषा रखता था। द्रोणाचार्य हस्तिनापुर से दूर अपने आश्रम में राजकुमारों को शिक्षा देते थे। एकलव्य वहाँ चुपचाप छिपकर पूरी प्रक्रिया देखा करता था। उसने […]

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सुन्दरकाण्ड की पावन कथा – 7

सुन्दरकाण्ड की पावन कथा और हनुमान का महासंकल्प व समुद्र-लांगन लीला उस पर्वत से छलांग लगाने का निश्चय किया। वह एक जंगली बैल के समान दिखते हुए अपने शरीर को अत्यधिक विशाल करने लगे। वह एक बड़े पर्वत के समान प्रतीत होने लगे। उनके चरणों तले विशाल पर्वत कांपने लगा। सर्प और वन्य प्राणी अपने […]

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चमत्कारी क्रिस्टल बॉल

एक छोटे लड़के का नाम कृष्ण था। एक दिन उसे अपने बगीचे के पुराने बरगद के पेड़ के पीछे एक चमकदार क्रिस्टल बॉल मिली। जैसे ही उसने उसे हाथ में लिया, पेड़ ने आवाज दी। पेड़ ने कहा कि यह बॉल जादुई है और वह कृष्ण की एक इच्छा पूरी करेगी। कृष्ण को बहुत खुशी […]

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Childhood Love

बचपन का अनमोल रिश्ता – Story Of Childhood Bond

एक छोटे से गाँव में दो प्यारे बच्चे रहते थे — आरव और सिया। दोनों का घर एक ही गली में था, और दोनों की उम्र भी लगभग बराबर थी। हर सुबह आरव अपनी स्लेट और किताबें लेकर स्कूल जाता, और रास्ते में सिया से जरूर मिलता। सिया के बाल दो सुंदर चोटियों में बंधे […]

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सिंहासन-बत्तीसी-की-कहानियाँ-(Sinhasan-Battisi-Stories)

सिंहासन बत्तीसी: विक्रमादित्य के अद्भुत किस्सों का आरंभ

सिंघासन बत्तीसी—यानी “बत्तीस कथाओं वाला सिंहासन”—भारतीय लोककथाओं का एक अनमोल खजाना है। यह सिर्फ कहानियों का संग्रह नहीं है, बल्कि एक ऐसी कालजयी कृति है जिसमें इतिहास, कल्पना और नैतिक शिक्षा का अद्भुत संगम देखने को मिलता है। कहानी की शुरुआत होती है 11वीं शताब्दी के विद्वान और पराक्रमी सम्राट राजा भोज से। एक दिन […]

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उत्तरकाण्ड की पावन कथा – 9

उत्तरकाण्ड की पावन कथा और सीतात्याग, लवणवध व श्रीराम की अंतर्धान लीला एक दिन जब श्रीराम अपने राज्य का शासन कर रहे थे, तब अनेक महान ऋषियों का एक दल महर्षि अगस्त्य के नेतृत्व में उनसे मिलने के लिए उपस्थित हुआ। अगस्त्य ने प्रासाद के रक्षकों से कहा, “कृपया राम को सूचित करें कि हम ऋषि […]

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