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विक्रम-और-बेताल-Vikram-and-Betal

विक्रम और बेताल: राजधर्म का न्याय भाग चौबीस

विक्रम और बेताल: राजधर्म का न्याय रात का सन्नाटा अपने चरम पर था। घने जंगल की पगडंडी पर राजा विक्रम सिंह एक बार फिर उस प्रेत—बेताल—को अपने कंधे पर उठाए श्मशान की ओर बढ़ रहे थे। पेड़ों की सरसराहट, दूर कहीं झिंगुरों की आवाज़ और हल्की ठंडी हवा उस यात्रा को और भी रहस्यमय बना […]

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अबिरामी की असीम कृपा - True Devotion to Abirami

अबिरामी की असीम कृपा – True Devotion to Abirami

अबिरामी की असीम कृपा तमिलनाडु में एक बार अबिरामी देवी के एक महान भक्त रहते थे। उनका नाम सुब्रह्मण्यम था। वे देवी के प्रति इतने अनन्य भक्त थे कि हर किसी को उनके बारे में बताते और उनकी महिमा का प्रचार करते। वे अबिरामी मंदिर के पास लोगों के समूह जमा करते, देवी की कथाएँ […]

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जुगनुओं-की-रानी-का-मुकुट-_-The-Crown-of-the-Firefly-Queen

जुगनुओं की रानी का मुकुट | The Crown of the Firefly Queen

जुगनुओं की रानी का मुकुट  घने जंगल के बीच एक खुला मैदान था जहाँ रात होते ही छोटे छोटे जुगनू अपनी चमक से पूरी जगह को रौशन कर देते थे। इस मैदान की रानी थी एक सुंदर जुगनू जिसे सब जुगनुओं की रानी कहते थे। उसके सिर पर चमकदार सोने जैसा मुकुट था जो उसकी […]

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सिंहासन बत्तीसी कथा 6 – रविभामा की कथा

सिंहासन बत्तीसी कथा 6 छठे दिन, राजा भोज ने सच में सिंहासन पर बैठने का प्रयास करने का निर्णय लिया। जैसे ही वे सिंहासन की ओर बढ़े, छठी गुड़िया जाग उठी और बोली, “मेरा नाम रविभामा है। मैंने राजा विक्रमादित्य की धैर्य और दयालुता देखी है। मैं आपको राजा विक्रमादित्य की एक कहानी सुनाऊंगी। उसके […]

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सिंहासन बत्तीसी कथा 24 – करुणावती की कथा

सिंहासन बत्तीसी कथा 24 चौबीसवें दिन जब राजा भोज सिंहासन के समीप पहुँचे तो चौबीसवीं पुतली करुणावती प्रकट हुई और बोली कि वे पहले राजा विक्रमादित्य की कथा सुनें और फिर निर्णय लें कि वे इस अद्भुत सिंहासन पर बैठने योग्य हैं या नहीं। यह कहकर वह कथा सुनाने लगी। उसने बताया कि विक्रमादित्य अपनी […]

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सितारा-बुनने-वाली-परी-Star-Weaving-Fairy

सितारा बुनने वाली परी – Star-Weaving Fairy

सितारा बुनने वाली परी रात का आसमान जितना शांत दिखता था, उसके पीछे उतनी ही हलचल चलती थी। बादलों के ऊपर, जहाँ हवा भी फुसफुसाकर चलती थी, एक छोटी सी चांदी जैसी झोपड़ी थी। इस झोपड़ी में रहती थी एक परी जिसे सब सितारा बुनने वाली परी कहते थे। उसके हाथों में एक हल्की चमक […]

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विक्रम और बेताल: बुद्धि बनाम शक्ति भाग तेरह

विक्रम और बेताल: बुद्धि बनाम शक्ति रात का गहरा अँधेरा था, हवा में ठंडक और पेड़ों की शाखाओं से आती अजीब सरसराहट मानो किसी अनहोनी का संकेत हो। राजा विक्रम अपनी तलवार कमर से बाँधे, दृढ़ कदमों से उसी पुराने मार्ग पर चल रहे थे, जहाँ उन्हें फिर से बेताल को लाना था। वे जानते […]

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कोयल-और-कठफोड़वा---The-Cuckoo-and-the-Woodpecker

कोयल और कठफोड़वा – The Cuckoo and the Woodpecker

कोयल और कठफोड़वा  घने जंगल के बीच एक पुराना सा पेड़ खड़ा था जिसकी शाखाओं पर अलग-अलग पक्षियों के घर बसे थे। उसी पेड़ के एक ऊँचे हिस्से में कठफोड़वा का मजबूत और साफ-सुथरा घोंसला था। कठफोड़वा मेहनती था और सुबह से शाम तक अपनी चोंच से पेड़ को ठक-ठक करता रहता था, ताकि कीड़े […]

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विक्रम-और-बेताल-Vikram-and-Betal

विक्रम और बेताल: क्षमा की महानता भाग अठारह

विक्रम और बेताल: क्षमा की महानता  रात का अंधेरा गहरा था। श्मशान भूमि में हल्की धुंध घिरी हुई थी, और हवा की सरसराहट में सूखे पत्तों की भँभोर जैसी आवाज गूँज रही थी। पेड़ों की टहनियाँ आपस में टकरा रही थीं, मानो किसी अदृश्य शक्ति के साथ संघर्ष कर रही हों। उस अंधकार और रहस्यमय […]

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बारिश और तीन सारथी - Test of Attitude

बारिश और तीन सारथी – Test of Attitude

बारिश और तीन सारथी एक बार की बात है, एक गाँव में मेला लगा हुआ था। मेले में जाने के लिए सड़क पर कई बैलगाड़ियाँ जा रही थीं। ये खुली हुई बैलगाड़ियाँ थीं, जिन्हें बैल खींच रहे थे और उन पर बैठे हुए लोग बैलों को सही दिशा में ले जा रहे थे। अचानक भारी […]

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