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चाँदी-की-मछली-और-अँधेरा-समुद्र-Silver-Fish-and-the-Dark-Sea

चाँदी की मछली और अँधेरा समुद्र – Silver Fish and the Dark Sea

चाँदी की मछली और अँधेरा समुद्र समुद्र की गहराइयों में एक ऐसी मछली रहती थी जिसकी चमक देखकर पूरा समुद्र उजाला हो जाता था। उसका नाम चाँदी था क्योंकि उसका पूरा शरीर रात में हल्की चाँदी जैसी चमक देता था। जब भी समुद्र का पानी शांत होता और चाँद ऊपर से रोशनी भेजता, तब पानी […]

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चतुर-गौरैया-और-लालची-कौआ---Clever-Sparrow-and-the-Greedy-Crow (1)

चतुर गौरैया और लालची कौआ – Clever Sparrow and the Greedy Crow

चतुर गौरैया और लालची कौआ हरे पेड़ों और शांत हवा वाले एक छोटे से गाँव के पास एक लंबा-सा बरगद का पेड़ खड़ा था। उसी पेड़ पर रहती थी चतुर गौरैया चिनी, जो मेहनती, शांत स्वभाव वाली और हमेशा दूसरों की मदद करने वाली थी। पेड़ की सबसे ऊपरी डाल पर रहता था कौआ काला, […]

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the-proud-rose-and-the-cactus-hindi-story

घमंडी गुलाब और नागफनी की दोस्ती

एक बगीचे में एक सुंदर गुलाब का पौधा था। उस पर खिला एक गुलाब अपने रूप और रंग पर बहुत अधिक गर्व करता था। पर उसे हमेशा यह दुख रहता था कि वह एक बदसूरत नागफनी के ठीक बगल में उगा है। हर रोज गुलाब नागफनी के काँटों और उसकी सूरत पर ताने मारता रहता। […]

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धीमी-कछुआ-और-घमंडी-खरगोश---The-Slow-Turtle-and-the-Proud-Hare

धीमा कछुआ और घमंडी खरगोश – The Slow Turtle and the Proud Hare

धीमा कछुआ और घमंडी खरगोश घने पेड़ों से ढकी एक सुंदर सी घाटी थी, जहाँ कई तरह के जानवर रहते थे. वहाँ पास ही एक हरा-भरा मैदान था, जहाँ हर सुबह सूरज की किरणें हल्की गर्मी के साथ उतरती थीं और ठंडी हवा पूरे माहौल को सुखद बना देती थी. इसी मैदान में एक धीमा […]

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विक्रम-और-बेताल-Vikram-and-Betal

विक्रम और बेताल: जीवन का प्रतिफल भाग छह

विक्रम और बेताल: जीवन का प्रतिफल रात अत्यन्त अँधेरी थी। बीच-बीच में तेज़ बारिश की धाराएँ गिरतीं और फिर अचानक रुक जातीं। हवा के तेज़ झोंके पेड़ों को इस तरह हिलाते मानो वे किसी अदृश्य शक्ति के आगे काँप रहे हों। अजीब-अजीब सी आवाज़ें, दूर कहीं सियारों की करुण चीत्कार, और बीच-बीच में गड़गड़ाहट की […]

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Another-Spy-Killed---43

बुद्धि और विनोद से भरपूर तेनाली रामन की कहानियाँ – 41 से 45

देवदासी का प्रेम – 41 राजा कृष्णदेवराय का एक देवदासी नर्तकी कृष्णावेनी से प्रेमसंबंध था। राजा को पूर्ण विश्वास था कि वह किसी अन्य पुरुष से संबंध नहीं रखती। राजा उससे विवाह करना चाहता था। किंतु उसे जनता के विरोध का भय था क्योंकि अधिकांश लोग देवदासी कन्याओं को पसंद नहीं करते थे। हमेशा की […]

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समय-की-परी-Time-Fairy

समय की परी – Time Fairy

समय की परी एक शांत दोपहर थी। स्कूल से लौटकर शिवम अपनी मेज पर टिके हुए घड़ी की टिक-टिक देख रहा था। उसे लगता था कि समय कभी तेजी से दौड़ता है, कभी बहुत धीरे सरकता है। रविवार को खेलते समय समय पंख लगाकर उड़ जाता था, लेकिन जैसे ही सोमवार आता, वही समय उसे […]

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सिंहासन-बत्तीसी-की-कहानियाँ-(Sinhasan-Battisi-Stories)

सिंहासन बत्तीसी: विक्रमादित्य के अद्भुत किस्सों का आरंभ

सिंघासन बत्तीसी—यानी “बत्तीस कथाओं वाला सिंहासन”—भारतीय लोककथाओं का एक अनमोल खजाना है। यह सिर्फ कहानियों का संग्रह नहीं है, बल्कि एक ऐसी कालजयी कृति है जिसमें इतिहास, कल्पना और नैतिक शिक्षा का अद्भुत संगम देखने को मिलता है। कहानी की शुरुआत होती है 11वीं शताब्दी के विद्वान और पराक्रमी सम्राट राजा भोज से। एक दिन […]

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singhasan-battisi-story-16-in-hindi

सिंहासन बत्तीसी कथा 16 – सत्यवती की कथा

सिंहासन बत्तीसी कथा 16  सोलहवें दिन फिर से राजा भोज सिंहासन पर बैठने चले, तभी सिंहासन की सोलहवीं गुड़िया प्रकट हुई और उसने उन्हें रोका। गुड़िया ने कहा कि वह उन्हें राजा विक्रमादित्य की एक कहानी सुनाएगी, जो उनकी अनुपम उदारता को दर्शाती है। यदि राजा भोज उस उदारता की बराबरी कर सकें, तभी वे […]

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चांद-के-बच्चों-का-खोया-हुआ-खिलौना---The-Lost-Toy-of-the-Moon-Children

चांद के बच्चों का खोया हुआ खिलौना – The Lost Toy of the Moon Children

चांद के बच्चों का खोया हुआ खिलौना रात का आसमान बिल्कुल शांत था, और पूरा गाँव हल्की नींद में डूबा था। घरों की छतों पर चांदनी ऐसे फैली थी जैसे किसी ने सफेद रेशम बिछा दिया हो। इसी शांत रात में गाँव की छोटी बच्ची अन्वी अपनी खिड़की से आसमान देख रही थी। उसे चांद […]

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