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सपनों-का-बाज़ार-–-The-Dream-Market

सपनों का बाज़ार – The Dream Market

सपनों का बाज़ार रात के शांत आसमान में छिपा एक अनोखा स्थान था जिसे बच्चे सपनों का बाज़ार कहते थे। यह बाज़ार सिर्फ उन्हीं बच्चों को दिखाई देता था जिनका दिल साफ हो और जिनके मन में जादू पर यकीन हो। वहां रंग-बिरंगे सपने काँच की छोटी बोतलों में चमकते रहते थे, और हर बोतल […]

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सिंहासन बत्तीसी कथा 5 – लीलावती की कथा

सिंहासन बत्तीसी कथा 5 पांचवीं गुड़िया लीलावती की कहानी इस प्रकार है कि अगले दिन प्रातःकाल राजा भोज फिर से उस अद्वितीय सिंहासन पर बैठने के लिए आगे बढ़े, किंतु जैसे ही वे पास पहुँचे, सिंहासन से पांचवीं गुड़िया निकलकर उनके समक्ष आ खड़ी हुई और मधुर स्वर में बोली कि मेरा नाम लीलावती है […]

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मेहनती-चींटी-और-आलसी-टिड्डा---The-Hardworking-Ant-and-the-Lazy-Grasshopper

मेहनती चींटी और आलसी टिड्डा – The Hardworking Ant and the Lazy Grasshopper

मेहनती चींटी और आलसी टिड्डा हरे-भरे खेतों और पेड़ों से घिरे एक शांत मैदान में दो छोटे जीव रहते थे। एक थी छोटी पर मेहनती चींटी लीला, जो पूरे साल सर्दियों की तैयारी में लगी रहती थी। दूसरा था आलसी टिड्डा गिन्नू, जिसे बस गाना, कूदना और धूप में मस्ती करना पसंद था। दोनों एक […]

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सिंहासन-बत्तीसी-की-कहानियाँ-(Sinhasan-Battisi-Stories)

सिंहासन बत्तीसी: विक्रमादित्य के अद्भुत किस्सों का आरंभ

सिंघासन बत्तीसी—यानी “बत्तीस कथाओं वाला सिंहासन”—भारतीय लोककथाओं का एक अनमोल खजाना है। यह सिर्फ कहानियों का संग्रह नहीं है, बल्कि एक ऐसी कालजयी कृति है जिसमें इतिहास, कल्पना और नैतिक शिक्षा का अद्भुत संगम देखने को मिलता है। कहानी की शुरुआत होती है 11वीं शताब्दी के विद्वान और पराक्रमी सम्राट राजा भोज से। एक दिन […]

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yuddhakand-ki-pavan-katha-8

युद्धकाण्ड की पावन कथा – 8

युद्धकाण्ड की पावन कथा और राम की युद्ध घोषणा राम हनुमान की ओर मुड़े और बोले, “हे वायुपुत्र हनुमान, तुम सचमुच महान हो। तुमने एक महान कार्य पूर्ण किया है जो किसी के द्वारा भी संपन्न नहीं किया जा सकता। तुमने विस्तृत समुद्र को पार किया। केवल गरुड़ और वायु ही समुद्र को पार कर […]

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Baalkand ki Paavan Katha – 3

बालकांड की पावन कथा – 3

बालकांड की पावन कथा और अयोध्या का स्वर्णिम वर्णन  अयोध्या नगरी कोशल राज्य की राजधानी थी। यह पवित्र सरयू नदी के तट पर बसी एक अनुपम नगरी थी। मनु ने इसे अत्यंत सुंदर रूप में बसाया था। नगर का सौंदर्य देवताओं की राजधानी अमरावती के समान दिखाई देता था। चारों ओर पुष्पों की सुगंध फैलती […]

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सुनहरी-हवा-का-रहस्य---The-Secret-of-the-Golden-Breeze

सुनहरी हवा का रहस्य – The Secret of the Golden Breeze

सुनहरी हवा का रहस्य रात का समय था, गाँव की गलियों में हल्की ठंडक थी और पेड़ों के बीच से गुजरती सुनहरी हवा चमकती लकीरों की तरह आसमान में फैल रही थी। गाँव की बच्ची ध्वनि अक्सर इस हवा को महसूस करती थी। जब बाकी सब बच्चे सो जाते, तब वह अपनी खिड़की पर बैठकर […]

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रात-का-नीला-घोड़ा---The-Blue-Horse-of-Night

रात का नीला घोड़ा – The Blue Horse of Night

रात का नीला घोड़ा रात का समय था और पूरा जंगल हल्की नीली रोशनी से भरा हुआ था क्योंकि परी नीलिमा अपनी रात की तैयारी कर रही थी। नीलिमा एक छोटी लेकिन बहादुर, दयालु और बेहद प्यारी परी थी, जो हर रात आसमान में उड़कर तारों की देखभाल करती थी। उसका सबसे खास साथी था […]

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अग्निदेव का वरदान | The Blessing of Agni Dev

अग्निदेव का वरदान | The Blessing of Agni Dev

अग्निदेव का वरदान  बहुत समय पहले की बात है। उत्तरी पर्वतों से घिरे एक शांत और समृद्ध राज्य का नाम था अग्निकाश। यह राज्य कृषि, संस्कृति और देवपूजा के लिए प्रसिद्ध था। लोग प्रकृति की पूजा करते और विशेष रूप से अग्निदेव का आभार मानते, क्योंकि उनका विश्वास था कि अग्निदेव ही राज्य में उष्मा, […]

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कबूतर-और-अनाज-का-जाल-_-The-Pigeons-and-the-Grain-Trap

कबूतर और अनाज का जाल | The Pigeons and the Grain Trap

कबूतर और अनाज का जाल घने पेड़ों से भरे एक शांत इलाके में कबूतरों का एक बड़ा झुंड रहता था। वे हर सुबह मिलकर उड़ान भरते, आसमान में गोल-गोल चक्कर लगाते और फिर किसी खेत या बगीचे में उतरकर अपना भोजन तलाशते। उनके झुंड में सबसे बड़ी बात यह थी कि वे हमेशा एक साथ […]

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